बिन्दुखत्ता नगर पालिका वापसी का शासनादेश जारी करने की मांग पर भाकपा (माले) का एक दिवसीय धरना 16 नवम्बर को

बिन्दुखत्ता, 7 नवम्बर 2016,
भाकपा (माले)और अखिल भारतीय किसान महासभा ने 16 नवम्बर को बिन्दुखत्ता नगर पालिका वापसी का शासनादेश जारी करने की मांग पर लालकुआं तहसील में विरोध धरना आयोजित करने की घोषणा की है। इस संबंध में आज कार रोड कार्यालय में दोनों संगठनों के मुख्य पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक हुई।

भाकपा (माले) के वरिष्ठ नेता और अखिल भारतीय किसान महासभा के प्रदेश अध्यक्ष पुरुषोत्तम शर्मा ने इस एक दिवसीय धरने की घोषणा करते हुए कहा कि रावत सरकार बिन्दुखत्ता वासियों के साथ धोखा कर रही है। उन्होंने कहा कि दो माह बीतने के बाद भी सरकार ने बिन्दुखत्ता नगर पालिका वापसी का शासनादेश जारी नहीं किया है। इसके साथ ही 14  अक्टूबर 2015 की आंदोलनकारियों पर लादे गए झूठे मुकदमे को भी इस सरकार ने वापस नहीं लिया है।

कामरेड शर्मा ने आरोप लगाया कि भूमि के मालिकाना के सवाल पर रावत सरकार गरीबों को गुमराह कर रही है। उन्होंने बिन्दुखत्ता की भूमि के मालिकाना हक के लिए भूमि के हस्तान्तरण की प्रक्रिया शुरू नहीं कराने के लिएट हरीश रावत सरकार की कड़ी  आलोचना की।

श्री शर्मा ने बताया कि उपरोक्त तीनों मांगों को लेकर लालकुआं तहसील पर यह विरोध धरना होगा। बैठक में राजेन्द्र शाह, कैलाश पाण्डेय, बसंती बिष्ट, पुष्कर दुबड़िया, गोविंद जीना, सुरमा देवी, विमला रौथाण, मोहन सिंह थापा, पान सिंह कोरंगा, नारायण सिंह, मंगल सिंह कोश्यारी, विपिन बोरा,  छविराम, ललित मटियाली आदि लोग थे।