वर्ष 35 / अंक - 26 / पुजारी-पुलिस और अपराधियों की मिलीभगत से हुई दलित य...

पुजारी-पुलिस और अपराधियों की मिलीभगत से हुई दलित युवकों की हत्या

पुजारी-पुलिस और अपराधियों की मिलीभगत से हुई दलित युवकों की हत्या

राजगीर में मलमास मेला घूमने गए दीपनगर थाना क्षेत्र के गंजपार निवासी श्रवण पासवान (20 वर्ष) और पिंटू पासवान (31 वर्ष) नाम के दो दलित नौजवानों की  झुनकिया बाबा मंदिर में चोर का शोर मचाकर पकड़ लिया गया और पीट-पीट कर हत्या कर दी गई. दोनों युवक निर्माण मजदूर थे. श्रवण पासवान घर का इकलौता कमाऊ बेटा था.

स्थानीय लोग अक्सर शाम को मेला घूमने जाते रहे हैं, गंजपार और अलीनगर मोहल्ले के 6 लड़के एक साथ मेला देखने गए थे. इसी क्रम में श्रवण और पिंटू शौच के लिए  मंदिर के पिछवाड़े गए थे. मंदिर के साधु और उनके लोगों ने दोनों को चोर-चोर कहकर पकड़ लिया. उनके हाथ-पैर बांध दिये, उनके नाम, गांव और जाति पूछी और दोनों दलित युवकों की पूरी देह – सिर से पैर तक – चूर-चूर कर दिया. दोनों चिखते-चिल्लाते रहे और अपनी जान की भीख मांगते रहे परंतु अपराधियों ने क्रूरता से पिटाई करना जारी रखा. पुलिस कैंप इस झुनकिया बाबा मंदिर के बगल में ही था. पुलिस यह सब चुपचाप देखती रही और जब वे  मरणासन्न स्थिति में पहुंच गए तो उन्हें ईलाज के लिए पहले राजगीर अस्पताल और फिर पीएमसीएच (पटना) ले गई. अंततः जीवन-मौत से जूझते हुए वे जान गंवा बैठे. इस बीच इतना समय रहते हुए भी उनके परिजनों को सूचित नहीं किया गया. पीएमसीएच में पुलिस ने परिजनों पर यह दबाव बनाया कि वे शव को घर नहीं ले जाएं. परिजनों ने इसका तीखा विरोध किया और शव को अपने घर ले आये. इस बीच पुलिस इस हत्याकांड के अपराधियों के बचाने के इंतजाम में लगी रही जबकि गांव में पुलिस का भारी बंदोबस्त था. इससे स्पष्ट है कि पुलिस अपराधियों व साधु के भेष में छिपे गुंडे-मवालियों को बचाने में लगी रही.

भाकपा(माले) नेताओं – पूर्व विधायक गोपाल रविदास व मनोज मंजिल आरा सांसद सुदामा प्रसाद ने गंज पर पहुंच कर मृतक के परिजनों को सांत्वना दी. भाकपा(माले) के जिला सचिव का. श्रीनिवास शर्मा, आरवाइए के जिलाध्यक्ष बिरेश कुमार, जिला कमिटी सदस्य का. अनिल पटेल समेत कई नेतागण भी उनके साथ थे.

का. सुदामा प्रसाद ने कहा कि सम्राट चौधरी की सरकार में दलितों, गरीबों व महिलाओं पर हमला लगातार बढ़ा है, अपराधी बेलगाम है जबकि पुलिस दमन तेज हो गया है. उन्होंने सरकार से झुनकिया बाबा मंदिर में मारे गए युवकों के परिजनों को 50-50 लाख रुपए मुआवजा, एक परिजन को सरकारी नौकरी और सभी अपराधियों को स्पीडी ट्रायल के जरिए शीघ्र ही कठोर सजा देने तथा राजगीर थाना प्रभारी को बर्खास्त करने तथा घटना की उच्चस्तरीय न्यायिक जांच की मांग की. इस दोहरे हत्याकांड के खिलाफ 25 जून को बिहारशरीफ में प्रतिवाद मार्च भी आयोजित हुआ.


27 June, 2026